Kuch Alfaaz

भीड़ तो ऊँचा ही सुनेगी दोस्त मेरी आवाज़ गिर पड़ेगी दोस्त मेरी तक़दीर तेरी खिड़की है मेरी तक़दीर कब खुलेगी दोस्त गाँव मेरा बहुत ही छोटा है तेरी गाड़ी नहीं रुकेगी दोस्त दोस्ती लफ़्ज़ में ही दो है दो सिर्फ़ तेरी नहीं चलेगी दोस्त

WhatsAppXTelegram
Create Image