Kuch Alfaaz

वो देखो जा रही है छोटी सी बुर्क़ा वाली बुर्क़ा लटक रहा है दामन घिसट रहा है नीचे का सारा हिस्सा मिट्टी में अट रहा है ये ढीला ढाला बुर्क़ा दब दब के फट रहा है हर मर्तबा हवा से मक़ना' उलट रहा है पर डाले जा रही है छोटी सी बुर्क़ा वाली सूरत से सिन में बेगम सात आठ साल होंगी पर्दे की पर ये बोलो दिल में निहाल होंगी ये धूम-धाम मामा जो बन के जा रही हैं घर जाते जाते बानो बे-शक निढाल होंगी आहा वो जा रही है छोटी सी बुर्क़ा वाली पर्दे का इतना सिन में अल्लाह ख़याल देखो जाली से हो रहा है चलना मुहाल देखो मुग़्लानी बी भी हैं साथ और हो रही हैं बातें और ये सटर-पटर सी जल्दी की चाल देखो लो मुस्कुरा रही है छोटी सी बुर्क़ा वाली वो देखो जा रही है छोटी सी बुर्क़ा वाली

Rafie Ajmeri
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