अब आ भी जाओ के सुकूंँ मिले मुझे अगर जो जाना था तो क्यूँँंँ मिले मुझे ज़माना हो न हो रकी़ब बीच में तू अब कभी मिले तो यूँंँ मिले मुझे
Create Imageअब आ भी जाओ के सुकूंँ मिले मुझे अगर जो जाना था तो क्यूँँंँ मिले मुझे ज़माना हो न हो रकी़ब बीच में तू अब कभी मिले तो यूँंँ मिले मुझे
Create Image