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दर्द चेहरा पहन के आया था तेरा चेहरा था सो क़ुबूल किया
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@aslam-rashid
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Nazm
दर्द चेहरा पहन के आया था तेरा चेहरा था सो क़ुबूल किया
जहाँ पे मैं ने तुझे पहली बार देखा था वहाँ पे फूल रखे मैं ने, उम्र भर रक्खे
हर दुख का है इलाज, उसे देखते रहो सब कुछ भुला के आज उसे देखते रहो
मैं सुन रहा हूँ फ़ोन पे ख़ामोशियाँ तेरी मैं जानता हूँ आज से क्या क्या तमाम है
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